शिथिल पर्यवेक्षण के लिए दोषी सीडीपीओं को कारण बताओं नोटिस जारी करें: डीएम

बहराइच । शनिवार को देर शाम कलेक्ट्रेट सभागार में आयोजित जिला पोषण समिति/कन्वर्जन्स समिति की बैठक की अध्यक्षता करते हुए जिलाधिकारी डॉ. दिनेश चन्द्र ने औचक निरीक्षण के दौरान बन्द पाये गये ऑगनबाड़ी केन्द्रों की स्थिति पर कड़ी नाराज़गी व्यक्त करते हुए जिला कार्यक्रम अधिकारी को निर्देश दिया कि शिथिल पर्यवेक्षण के लिए सम्बन्धित बाल विकास परियोजना अधिकारियों को कारण बताओं नोटिस जारी करें। डीएम ने यह भी निर्देश दिया कि सभी ऑगनबाड़ी केन्द्रों का समय से संचालन सुनिश्चित कराते हुए मानक के अनुसार सभी लक्षित वर्ग को लाभान्वित किया जाय।

बैठक के दौरान जिला कार्यक्रम अधिकारी द्वारा बताया गया विभाग के 75 प्रतिशत लाभार्थियों के सत्यापन की कार्यवाही पूर्ण कर ली गई है। इस स्थिति पर डीएम ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए विभागीय अधिकारियों एवं कर्मचारियों को बधाई देते हुए निर्देश दिया कि आधार फीडिंग कार्य की प्रगति में भी अपेक्षित सुधार लायें।

 आफलाइन वज़न गतिविधि 80 प्रतिशत के सापेक्ष विभागीय पोषण ट्रेकर पोर्टल पर वज़न गतिविधि 48 प्रतिशत पाये जाने पर डीएम ने निर्देश दिया कि 31 अगस्त तक स्थिति में सुधार न पाये जाने पर सम्बन्धित सीडीपीओ के विरूद्ध कार्रवाई अमल में लायी जाय। बैठक के दौरान जिलाधिकारी ने पोषण मिशन से सम्बन्धित सभी स्टेक होल्डर्स को निर्देष दिया कि विभाग के सहयोगी के रूप में कार्य करते हुए अधिक से अधिक लोगों को लाभान्वित कराना सुनिश्चित करें।

डीएम ने स्पष्ट किया कि पुष्टाहार वितरण में किसी प्रकार की हीला-हवाली, कोताही व अनियमितता को कतई बर्दाश्त नहीं किया जायेगा। डीएम ने गोद लिये गये गॉवों के नोडल अधिकारियों तथा बाल विकास परियोजना अधिकारियों को सचेत किया कि गॉवों के भ्रमण के दौरान पुष्टाहार वितरण के बारे में अनिवार्य रूप से फीड बैक प्राप्त करें तथा यह सुनिश्चित करायें की शासन की मंशानुसार सभी लक्षित वर्ग को पुष्टाहार का वितरण हो। डीएम डॉ. चन्द्र ने कहा कि पुष्टाहार में किसी प्रकार की हेरा-फेरी को बर्दाश्त नहीं किया जायेगा और सम्बन्धित का उत्तरदायित्व निर्धारित करते हुए कार्रवाई अमल में लायी जायेगी।

इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी कविता मीना, मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ एस.के. सिंह, मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. ओ.पी. चौधरी, जिला विकास अधिकारी महेन्द्र कुमार पाण्डेय, जिला पंचायत राज अधिकारी उमाकान्त पाण्डेय, जिला कार्यक्रम अधिकारी राज कपूर सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारी, बाल विकास परियोजना अधिकारी, प्रभारी चिकित्साधिकारी व अन्य सम्बन्धित मौजूद रहे।