क़बज़ा करने की नियत से दबंगों का धावा

पुलिस की कार्यप्रणी पर सवालिया निशान, उलटे पीड़ित पर मुक़दमा पंजीकृत करने की धमकी

लखनऊ : राजधानी लखनऊ नगर में लगातार बढ़ती आपराधिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने में पुलिस पूरी तरह नाकाम नज़र आरही है। पूर्व कमिश्नर डी-के ठाकुर को अपराध रोकने में नाकामी एवं जाम के चलते मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने चलता कर दिया था और कमान एस0बी शिराडकल को सौंप दी थी। मगर आज भी नगर पुलिस अपने पुराने ढर्रे पर आज भी काम कर रही है अपराध रोकने में पूरी तरह आज भी नाकाम नजर आ रही।

मालूम हो कि थाना वजीरगंज क्षेत्र के अस्तबल चारबाग में दिनदहाड़े असलहों से लैस होकर दबंगों ने इस्लाम के घर में घुसकर जान से मारने की दी धमकी, सारी करतूत सीसीटीवी कैमरे में कैद, जहाकन बेहतरीन पुलिसिंग के दावों की पोल खोल रहे वहीं कमिश्नरेट पुलिस की कार्यशैली पर सवालिया निशान भी लगा रहे। फकरुल इस्लाम ने बताया कि तारिक़ कुरैशी पुत्र खालिद कुरैशी के साथ मिलकर हमने अपने मकान को निर्माण कराने का एग्रीमेंट किया था। बिल्डर तारिक़ ने उस मकान को ध्वस्त करा कर उसका सारा मलवा बेच डाला।

 इस मकान में हम तीन भाइयों का हिस्सा है। तीनो भाई अलग-अलग किराए पर रह रहे थे। लगभग 6 महीने बीत जाने के बाद जब हमने इसके लिए तारिक़ से बात की तो उन्होंने कहा कि मेरे पास पैसा नहीं है और मैं इस मकान का निर्माण नहीं करा सकता आप अपने स्तर से मकान का निर्माण करा लो जैसे तैसे मैंने उस मकान का निर्माण कराया। निर्माण पूरा होने के बाद तारिक़ नए-नए हथकंडे इस्तेमाल करने लगे और हम को ब्लैकमेल कर वसूली करना चाहते थे। 

दिनांक 22,08,2022 को तारिक़ कुरैशी एवं मोहम्मद अमान, आरिफ, कामरान सऊदी, मोहम्मद मुबीन, अन्य साथियों के साथ मिलकर हमारे घर का दरवाजा तोड़कर कब्जा करने की नियत से साथ में छेनी हथौड़ी और असहलों से लैस होकर आए थे, कुछ लोग हमारे घर के पीछे वाली दीवार से कूदकर घर के अंदर घुसे और औरतों के साथ गाली गलौज करना शुरू कर दी। इसकी सूचना हमने 112 पर दी मौके पर पहुंची पुलिस चौकी पाण्डेयगंज ले गई। जहां चौकी प्रभारी ने कहा कि अपना यह मामला सुलझा लो वरना मैं मुकदमा लिख दूंगा।

 पीड़ित ने कहा कि हमने पहले प्रार्थना पत्र दे रखा था। लेकिन अभी तक कोई कार्यवाही नहीं हुई है। अगर समय पर कार्रवाई हो जाती तो इनके हौसले इतने बुलंद न होते। जबकि सीसीटीवी फुटेज में पूरा मामला कैद है उसके बावजूद चौकी प्रभारी समझौते का दबाव बना रहे हैं एवं पूर्व में दिये गए प्रार्थना पत्र पर कार्यवाही ना कर उलटे पीड़ित के खिलाफ मुक़दमा क़ायम करने की धमकी दे रहे है। अब पीड़ित ने माननीय मुख्यमंत्री जी से मदद की गुहार लगाई है।