रवि शास्त्री: भारत को चुकानी पड़ी है पांड्या के चोटिल होने की कीमत

पूर्व क्रिकेटर रवि शास्त्री को अपने कार्यकाल के दौरान टीम इंडिया के मुख्य कोच के रूप में सफलता मिली। 60 वर्षीय ने पूर्व कप्तान विराट कोहली के साथ अच्छी जोड़ी बनाई और इन साझेदारी ने टेस्ट क्रिकेट में बड़ी सफलता हासिल करने में मदद की। टीम इंडिया रेड बॉल क्रिकेट में एक मजबूत टीम थी, क्योंकि उन्होंने विदेशी परिस्थितियों में अच्छी क्रिकेट खेली। हालांकि, वे आईसीसी इवेंट के मामलों में किस्मत के धनी नहीं दिखे। 

रवि शास्त्री के कोचिंग कार्यकाल के दौरान भारत ने 2019 आईसीसी क्रिकेट वर्ल्ड कप, 2021 में आईसीसी वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप का फाइनल और 2021 में ही टी20 वर्ल्ड कप गंवाया था। एक बार टीम फाइनल खेली, एक बार सेमीफाइनल और एक बार लीग फेज में ही बाहर हो गई। भारत और वेस्टइंडीज के बीच जारी वनडे सीरीज में रवि शास्त्री ने कमेंट्री बॉक्स से चयनकर्ताओं से हार्दिक पांड्या का एक उपयुक्त बैकअप विकल्प खोजने के लिए कहा है।

फैनकोड पर रवि शास्त्री ने कहा, "मैं हमेशा से ऐसा खिलाड़ी चाहता हूं जो टॉप-6 में हो और गेंदबाजी कर सके। हार्दिक पांड्या के चोटिल होने से यह एक बड़ी समस्या बन गई। इसकी कीमत भारत को चुकानी पड़ी है। इसकी वजह से भारत को एक-दो विश्व कप गंवाने पड़े, क्योंकि हमारे पास शीर्ष छह में गेंदबाजी करने वाला कोई नहीं था। हमने चयनकर्ताओं से कहा कि किसी को उनके विकल्प के तौर पर ढूंढो, लेकिन उनका विकल्प कौन है?" 

हार्दिक पांड्या को 2021 टी20 विश्व कप के दौरान अपनी गेंदबाजी फिटनेस के कारण काफी आलोचनाओं का सामना करना पड़ा, जिसके परिणामस्वरूप उन्होंने टूर्नामेंट के बाद क्रिकेट से ब्रेक लिया और सीधे आईपीएल 2022 में नजर आए। वहां, उन्होंने गेंद और बल्ले से अच्छा प्रदर्शन किया और टीम इंडिया में फिर से जगह बनाई। इसके बाद से वे फिर से टीम का प्रमुख हिस्सा बन गए हैं। यहां तक कि आयरलैंड में वे टीम के कप्तान भी थे।