चंद्रशेखर बोले- मैंने अखिलेश को बड़ा भाई माना, वो मुझे छोटा भाई मानें तो बन सकती है बात

लखनऊ। भीम आर्मी प्रमुख एवं आजाद समाज पार्टी के संस्थापक चंद्रशेखर आजाद ने सपा से गठबंधन की फिर से उम्मीद जगाई है। चंद्रशेखर आजाद ने कहा है, अखिलेश को मैंने बड़ा भाई मान लिया है, यदि वो मुझे छोटा भाई नहीं मानेंगे तो मैं अपना निर्णय लूंगा। अभी मैं उनके संदेश का इंतजार कर रहा हूं। एक निजी चौनल से बातचीत करते हुए चंद्रशेखर आजाद ने कहा, मैंने ये कह दिया है कि ये लड़ाई अकेले चंद्रशेखर की नहीं है। ये दलितों, वंचितों, शोषितों, मुसलमानों, बौद्धों, अल्पसंख्यकों हर वर्ग के अधिकार की लड़ाई है। यदि अखिलेश ये कहेंगे कि यूपी में बीजेपी को रोकने के लिए मुझे चंद्रशेखर की जरूरत है तो मैं बिना एक सीट लिए भी उनके साथ जाने को तैयार हूं। दूसरी तरफ समाजवादी पार्टी की तरफ से भी गठबंधन की संभावनाओं को बरकरार रखते हुए कहा गया है कि अभी चंद्रशेखर से गठबंधन के रास्ते बंद नहीं हुए हैं। पार्टी प्रवक्ता मनोज पांडे ने कहा, ष्राजनीति में कभी संभावनाएं खघ्त्म नहीं होती हैं ना ही स्थायी रूप से कोई दरवाजा बंद होता है। राजनीति में बातचीत चलती रहती है। बता दें कि चंद्रशेखर ने शनिवार को एक प्रेसवार्ता करके आरोप लगाया था कि अखिलेश यादव ने दलितों को सम्मान नहीं दिया और आजाद समाज पार्टी का गठबंधन नहीं हुआ। इस पर अखिलेश ने एक प्रेसवार्ता कर कहा, चंद्रशेखर से बात पक्की हो गई थी। हम उन्हें गठबंधन में दो सीटें देने के लिए तैयार थे, लेकिन फिर उनके पास किसी का फोन आया और उन्होंने कहा कि वो चुनाव नहीं लड़ना चाहते हैं और उठकर चले गए।