पूर्व राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद की जयंती मनाई

बस्ती। आज सीएमएस विद्यालय में पूर्व राष्ट्रपति राजेंद्र प्रसाद की जयंती पर प्रबंधक अनूप खरे प्रधानचार्य नूपुर त्रिपाठी सभी शिक्षकों के साथ उनके चित्र पर माल्यार्पण एवं पुष्पार्चन कर मनाई गई। इस अवसर पर प्रबंधक अनूप खरे ने बताया कि राजेंद्र प्रसाद भारत के प्रथम राष्ट्रपति एवं महान भारतीय स्वतंत्रता सेनानी थे। वे भारतीय स्वाधीनता आंदोलन के प्रमुख नेताओं में से थे और उन्होंने भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के अध्यक्ष के रूप में प्रमुख भूमिका निभाई। उन्होंने भारतीय संविधान के निर्माण में भी महत्वपूर्ण योगदान दिया था। राष्ट्रपति होने के अतिरिक्त उन्होंने भारत के पहले मंत्रिमंडल में 1946 एवं 1947 मेें कृषि और खाद्यमंत्री का दायित्व भी निभाया था। सम्मान से उन्हें प्रायः राजेन्द्र बाबू कहकर पुकारा जाता था। प्रधानाचार्य नूपुर त्रिपाठी ने बताया कि डॉ. राजेंद्र प्रसाद का व्यक्तित्व डॉ. राजेन्द्र प्रसाद का जन्म उस काल में हुआ जब ब्रिटिश साम्राज्यवाद पूरी तरह अपने पांव पसार चुका था. खाने-पीने, कपड़े पहनने से लेकर लगभग हर क्षेत्र में ब्रिटिश छाप महसूस की जा सकती थी. लेकिन राजेंद्र प्रसाद परंपरा के अनुसार हमेशा धोती-कुर्ता और सर पर टोपी पहनते थे. वह एक विद्वान और प्रतिभाशाली पुरुष थे. संयुक्त परिवार में सबसे छोटे होने के कारण राजेंद्र प्रसाद का बचपन बहुत दुलार से बीता था. वह एक दृढ़ निश्चयी और उदार दृष्टिकोण वाले व्यक्ति थे. कायस्थ परिवार से संबंधित होने के कारण राजेंद्र प्रसाद थोड़े रूढिवादी विचारधारा वाले थे। इस अवसर पर संध्या त्रिपाठी, सूरज श्रीवास्तव, हरेंद्र पांडे, विमला सिंह, स्मिता अस्थाना ,सुषमा श्रीवास्तव, शशि कला सिंह, प्रिया गुप्ता, आदि शिक्षक शिक्षिकाएं उपस्थित रहे ।