तुलसी विवाह

तुलसी माँ का ब्याह आज रचाना है।

लाल चुनरिया से माँ को सजाना है।।


लाल चूड़ी लाल सेंदुर लाल है महावर।

लाल मेहंदी लाल लाली लाल है चुनर।।-2


है नये बिछिया नई पायल नए कंगन।

हार पहने माँ तुलसी है जड़े हुए कुंदन।।


लाल बेंदी मस्तक पर सजाना है ।

सोलह साजों से मैया को मनाना है।।


तुलसी माँ.....................

लाल चुनरिया................


सेहरा सजे घोड़ी चढ़े अब आए हैं मोहन।

सालिग्राम से विवाह का बँधेगा अब बंधन।।-2


सात वचनों के गीत गाए जाएंगे ।

तुलसी विवाह की आज सब खुशी मनाएंगे।।


दुआ मैया की आज हमें तो पाना है।

जीवन में खुशियों के रंग सजाना है।।


तुलसी माँ....................

लाल चुनरिया...............


गीता देवी

औरैया, उत्तर प्रदेश