शुभ दिन आगए

 एक नज़र इधर भी

शुभ दिन आगए

रैली करने और कराने वाले शुभ दिन आगए।

भाषण के भी स्वाद चखाने वाले शुभ दिन आगए।।चौकी मंच अब  टूटेंगे। हालचाल अब सब पूछेंगे।।अपने मन की पूड़ी पकाने ,वाले शुभ दिन आगए।---

रैली करने और कराने वाले शुभ दिन आगए---(1)

कुछ बादल बिना पानी गरजेंगे।खेत  पानी को तरसेंगे।। दूरदृष्टी पक्का इरादा, दिखाने वाले शुभ दिन आगए।---

रैली करने और कराने वाले शुभ दिन आगए।---(2)

जूतों में लकलक पालिस होगी।

पेन किलर से मालिश होगी।। दर्द को छू मंतर करके, दाल गलाने वाले शुभ दिन आगए।---

रैली करने और कराने वाले शुभ दिन आगए।---(3)

पहले  अपना फ़र्ज़ निभाओ।ओटर लिस्ट में नाम बढ़वाओ।।सरस हकीकत समझो खुद ,समझाने वाले शुभ दिन आगए।---(4)

रैली करने और कराने वाले शुभ दिन आगए।--

मायूस मन मुरझाया 

 था। रंग बिरंगे सपने भी, मन में खूब सजाया था।।अब कुछ खाने कुछ चबाने, वाले शुभ दिन आगए।--

रैली करने और कराने वाले शुभ दिन आगए।--(5)

गौरीशंकर पाण्डेय सरस