निशुल्क चिकित्सा शिविर में उमड़ा क्षेत्रीय मरीजों का हुजूम

 पैलानी/बांदा। तहसील के पिपरहरी गांव में स्थित काली देवी मंदिर में आयोजित निशुल्क चिकित्सा शिविर में पहुंचे पुलिस महानिरीक्षक के0 सत्यनारायाणा एवं उड़ीसा कैडर के आईपीएस अधिकारी एवं स्थानीय पिपरहरी गांव निवासी सीआईएसएफ के पुलिस महानिरीक्षक एस देवदत्त सिंह ने सर्वप्रथम दीप प्रज्वलित कर चिकित्सा शिविर की शुरुआत की इस शिविर में जाने-माने चिकित्सकों द्वारा जिसमें दंत रोग विशेषज्ञ डॉक्टर साजिद, स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डॉ प्रज्ञा प्रकाश, हड्डी रोग विशेषज्ञ डॉक्टर अशोक पटेल, नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉ मोहम्मद मसजूद, बाल रोग विशेषज्ञ डाक्टर यस आर वर्मा जनरल फिजिशियन एवं एनेस्थीसियाडा राहुल उपाध्याय, स्त्री एवं प्रसूति रोग विशेषज्ञ डा. मीनाक्षी त्रिपाठी, जनरल फिजीशियन सामान रोग विशेषज्ञ डॉक्टर एस डी त्रिपाठी डाक्टर दिनेश चंद्र वर्मा एवं सद्गुरु नेत्र चिकित्सालय चित्रकूट से आए वरिष्ठ चिकित्सक नेत्र रोग विशेषज्ञ डॉक्टर राकेश गर्ग विशेषज्ञ दृष्टि विशेषज्ञ डॉक्टर आशीष गुप्ता दृष्टि विशेषज्ञ डॉक्टर छविराम दृष्टि विशेषज्ञ डॉ सुधांशु चतुर्वेदी की टीम ने ढाई सैकड़ा मरीजों का पंजीकरण किया जिसमें बुखार जुकाम खांसी रोग आंख से संबंधित रोग दांत से संबंधित रोग चर्म रोग आदि रोगों का समुचित इलाज किया गया जिसमें 30 मोतियाबिंद मरीजों को ले जाने के लिए चित्रकूट भेजा गया, वही दंत चिकित्सक डॉक्टर एसपी सिंह दंत रोगियों के इलाज के लिए देर शाम तक डटे रहे निशुल्क चिकित्सा शिविर को लेकर पुलिस महानिरीक्षक के सत्यनारायण  सी आई एस एफ पुलिस महानिरीक्षक एस देवदत्त ने कहा कि निशुल्क चिकित्सा शिविर के माध्यम से असहाय लोगों को कैंप के माध्यम से उत्कृष्ट डॉक्टरों के द्वारा समुचितइलाज कराया गया वहीं क्षेत्र के खरेई निवाइच रेहुंटा अतरहट अमलोर पैलानी पपरेंदा पलरा चिल्ला जसपुरा खपटिहाकला अलोना आदि गांव के मरीजों ने निशुल्क चिकित्सा शिविर में पहुंच कर इलाज कराया चिकित्सा शिविर में जयराम सिंह बछेउरा, अलीगढ़ में कार्यरत एवं स्थानीय पिपरहरीगांव निवासी आरटीओ कृष्णदत्त सिंह  बबलू द्विेदी  ग्राम प्रधान सुरेंद्र सिंह रामकरण सिंह बच्चन हरिकरन सिंह आदि मौजूद रहे वही पुलिस महानिरीक्षक के सतनारायण ने राजकीय महाविद्यालय के पिपरहरी में पुलिस बूथ की स्थापना किए जाने को लेकर कहा कि तत्काल पुलिस बूथ की स्थापना की जाएगी जिससे छात्र छात्राओं को सुरक्षा मिल सके।