आयुर्वेद के ये तरीके वजन घटाने के लिए सबसे ज्यादा इफैक्टिव

महिलाएं अपनी बाहर निकली तोंद को लेकर काफी परेशान रहती हैं। बैली फैट ना सिर्फ पर्सनैलिटी पर असर डालती है बल्कि इसकी वजह से महिलाएं अपने पसंदीदा कपड़े भी नहीं पहन पाती। लाख कोशिश करने के बाद भी महिलाओं को मनचाहा रिजल्ट नहीं मिल पाता। ऐसे में क्यों ना आप आयुर्वेदिक तरीके अपनाकर देखें। यहां हम आपको आयुर्वेद के 5 ऐसे तरीके बताने जा रहे हैं, जो वजन घटाने में काफी इफैक्टिव है। खास बात तो यह है कि इससे आपको कोई साइड-इफैक्ट भी नहीं होगा। तो चलिए आपको बताते हैं वजन घटाने के लिए आयुर्वेद के  सीक्रेट...

दिन में तीन बार करें भोजन

आयुर्वेद के मुताबिक एक बार भरपेट खाने की बजाए छोटे-छोटे मील्स लेने चाहिए। आप एक दिन में 3 छोटे और 3 बड़े मील्स ले सकते हैं। इससे मेटाबॉलिज्म सही रहता है और वजन घटाने में मदद मिलती है। वहीं, थोड़ा-थोड़ा खाने से एनर्जी भी बरकरार रहती है और फैट भी बर्न होता है।

कोई स्नैक नहीं

वजन घटाना चाहते हैं तो सबसे पहले अपने मन पर काबू करें और बाहर का खाना अवॉइड करें। प्रोसेस्ड फूड या जंक फूड सिर्फ वजन ही नहीं बढ़ाते बल्कि ये कई बीमारियों का घर भी हैं। ऐसे में इनसे परहेज करना ही आपके लिए बेहतर है।

गर्म पानी पिएं

वजन घटाने के लिए गर्म पानी सबसे बेस्ट तरीका है लेकिन आयुर्वेद में गर्म पानी पीने के भी कुछ नियम बताएं गए हैं। सुबह दो गिलास खाली पेट गर्म पानी पीएं। पूरे दिन में आप 3-4 गर्म पानी ही पीना चाहिएं। साथ ही ध्यान रखें कि पानी ज्यादा गर्म ना हो। इसके अलावा नींबू पानी में शहद की कुछ बूंदें डालकर भी पी सकते हैं। इसके अलावा कॉफी और हर्बल टी भी वेट लूज के लिए बेस्ट ऑप्शन है। इससे शरीर का एक्स्ट्रा फैट निकल जाता है, जिससे फैट बर्निंग प्रोसेस तेज होता है।

शाम 7 बजे के बाद न खाएं

खान-पान का अनियमित समय पाचन क्रिया में बाधा डालता है, जिससे ना सिर्फ कब्ज जैसी समस्याएं हो जाती है बल्कि वजन भी बढ़ने लगता है। आयुर्वेद के अनुसार, शाम 7 बजे तक भोजन कर लेना चाहिए। इससे खाना आसानी से पच जाता है और शरीर रातभर डिटॉक्सीफाई हो जाता है। इससे आप सुबह तरोताजा महसूस करते हैं और फैट बर्निंग प्रोसेस भी तेज होता है।

नींद को करें ट्रैक

मोटापे का एक कारण अधूरी नींद भी है इसलिए बहुत जरूरी है कि आप दिनभर में कम से कम 8-9 घंटे की अच्छी नींद जरूर लें। साथ ही रात को देर तक जागने की बजाए 10 बजे तक सो जाए और सुबह 6 बजे तक उठे।