जमीन पर बैठकर भोजन करना क्यों फायदेमंद

आजकल लोग डायनिंग टेबल, बेड या कुर्सी पर बैठकर भोजन करना पसंद करते हैं लेकिन पहले के समय में लोग जमीन पर बैठकर भोजन किया करते थे। आयुर्वेद की मानें तो जमीन पर बैठकर भोजन करने से कई प्रकार के रोग दूर रहते हैं। शोध भी कहता है कि लोगों को 90% बीमारियां गलत पोजीशन में बैठकर खाने से होती हैं।

सुखासन में बैठकर भोजन करना क्यों फायदेमंद

एक्सपर्ट की मानें तो जमीन पर बैठकर भोजन करना सेहत के लिए ज्यादा फायदेमंद है। दरअसल, सुखासन या क्रॉस-लेग्ड (आलती-पालती मारकर बैठना) सीटेड पोज में भोजन करना बहुत अच्छा होता है क्योंकि इससे भोजन जल्दी पचता है और पोषक तत्व भी बेहतर ढंग से अवशोषित होते हैं। साथ ही इस पोजीशन में भोजन करने से चयापचय को भी बढ़ावा मिलता है।

लेते हैं कम कैलोरी

वहीं, सेहत के लिए सुखासन एक गेम चेंजर है क्योंकि इस मुद्रा में भोजन करने से आप कम खाते, जिससे आप कैलोरी ज्यादा नहीं लेते। ध्यान रखें कि फर्श पर बैठकर भोजन करते समय हर दिन पैर का क्रॉस बदलें।

ये लोग बैठकर ना करें भोजन

.पीठ दर्द, घुटने या गठिया दर्द, स्लिप डिस्क, रीढ़ की हड्डी की समस्या और साइटिका से जूझ रहे हैं तो सुखासन का विकल्प ना चुनें। वहीं, अगर आप फर्श पर नहीं बैठ सकते तो सरल सिद्धासन स्थिति में बैठ जाएं।

.हालांकि जरूरी नहीं कि आप 3 बड़े भोजन जमीन पर बैठकर लें। आप दिन का एक भोजन नियमित रूप से इस मुद्रा में लें। इससे भी शरीर को कई फायदे मिलेंगे। कोशिश करें कि आप डिनर सुखासन मुद्रा में बैठकर करें।

विटामिन डी की कमी दूर करे

इस स्थिति में बैठकर खाने से विटामिन बी 12, विटामिन डी, हीमोग्लोबिन की कमी पूरी नहीं होती। दरअसल, इस मुद्रा में बैठकर खाने से पोषक तत्व ज्यादा अब्जॉर्ब होते हैं।

मांसपेशियों के लिए फायदेमंद

क्रॉस लेग्ड मुद्रा में बैठना शरीर की गतिशीलता, लचीलेपन, स्थिरता और निचले शरीर की ताकत के लिए अच्छा है। इससे मांसपेशियों को भी मजबूती मिलती है।

ब्लड सर्कुलेशन बढ़ाए

क्रॉस लेग्ड पोजीशन शरीर में रक्त संचार को बढ़ाती है क्योंकि यह तंत्रिकाओं को शांत करती है और उनमें तनाव को दूर करती है।

वजन घटाए

चूंकि इस पोजीशन में बैठकर आप कम भोजन करते हैं और इससे मेटाबॉलिज्म भी बढ़ता है इसलिए यह वजन घटाने में भी मददगार है।