उत्तर प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री गोविंद बल्लभ पंत की जयंती मनाई गई

कानपुर देहात : उत्तर प्रदेश के प्रथम मुख्यमंत्री, प्रखर वक्ता पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त की जन्मशती के अवसर पर कलेक्ट्रेट में उनके चित्र पर मार्ल्यापण कर श्रृद्धासुमन अर्पित किये गए। डी एम तथा सीडीओ ने बहुमुखी प्रतिभा के धनी पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त के व्यक्ति और कृत्तिव पर प्रकाश डालते हुए कहा कि पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त न केवल महान स्वन्त्रता सेनानी थे, अपितु समाजसेवक, सांस्कृति उन्नायक भी थे। स्वन्त्रता आन्दोलन में भाग लेने वाले प्रत्येक स्वन्त्रता सेनानी का जीवन हम सबको प्रेरित करता है ।

 हम अपने कर्तव्यों के प्रति निष्ठावान बने, पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त जैसे सर्मित स्वन्त्रता सेनानियों ने उन विषम परिस्थितियों में न केवल अंग्रेजों से लोहा लिया अपितु समाज में फैली बुराईयों को भी दूर करने का कार्य किया, जमीदारी उन्मूलन करके उन्होंने किसानों को अत्यधिक राहत दी, जो इससे पूर्व केवल बधुआ मजदूर बनकर रह गये थे, सांस्कृतिक उत्थान के तहत इन्होंने हिन्दी को राष्ट्र भाषा बनाने में अग्रणीय भूमिका अदा की। जिलाधिकारी ने आगे कहा कि पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त का जीवन आडम्बर रहित, वैभव रहित था, लेकिन कार्यो के प्रति उनमें अभूतपूर्ण समर्पण था।

वास्तव में इनका व्यक्त्वि हमें प्रेरणा देता है कि मैं और आप सभी अपने कर्तव्यों का निष्ठा के साथ पालन करें ।अपने दायित्वों का निर्वाह ससमय पूरी बचनवद्धता के साथ करें, पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त जैसे व्यक्तित्व के चरणों में यही हमारी सच्ची श्रृद्धांजलि होगी। विकास भवन सभागार कक्ष में मुख्य विकास अधिकारी सौम्या पाण्डेय ने भी इनके चित्र पर मार्ल्यापण कर श्रृद्धासुमन अर्पित किये। वहीं जनपद के सभी ब्लाकों व स्कूलों में पंडित गोविन्द बल्लभ पन्त की जयंती धूमधाम से मनायी गयी।

 इस मौके पर अपर जिलाधिकारी प्रशासन पंकज वर्मा, अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व साहब लाल, जिला विकास अधिकारी गोरखनाथ भट्ट, सीएमओ डा0 एके सिंह, जिला पंचायत राज अधिकारी अनिल कुमार सिंह, पशु चिक्तिसाधिकारी डा0 देवकी नन्दन लावनियां, जिला सूचना अधिकारी नरेन्द्र मोहन आदि अधिकारीगण व कर्मचारी उपस्थित रहे।