पत्रकार कल्याण निधि की हो स्थापना- राजीव ओझा

गाजीपुर । प्रदेश में पत्रकार कल्याण निधि की स्थापना की जाए जिससे किसी पत्रकार, साहित्यकार की मृत्यु होने पर उसके आश्रितों को न्यूनतम 1000000 की आर्थिक सहायता के प्रावधान हों,न्यूनतम एक एकड़ भूमि का बागवानी पट्टा मृतक आश्रित को दिया जाए। पत्रकार कल्याण के माग को लेकर पत्रकार राजीव ओझा ने पूर्व राज्यपाल रामनाईक से मिलकर अपनी बात रखी।

ग्राम्यांचलों तथा तहसील क्षेत्र के पत्रकारों को भी मान्यता प्राप्त पत्रकारों के लिए अनुमन्य सुविधाएं प्रदान करने के हेतु मान्यता नियमावली में अपेक्षित संशोधन किए जाएं ।

पत्रकारों , साहित्यकारों तथा उनके आश्रितों की गंभीर बीमारी के मामलों में चिकित्सा हेतु प्रदेश सरकार रोगानुसार आर्थिक मदद के प्रावधान करे।  किसी भी पत्रकार , साहित्यकार की मृत्यु होने पर उसके एक आश्रित को सरकारी सेवा में नियोजित करने हेतु संवैधानिक प्रावधान किए जाए।

यशस्वी पत्रकार एवं साहित्यकार पांडे बेचन शर्मा उग्र की जन्म भूमि चुनार जिला मिर्जापुर में एक स्मारक तथा संग्रहालय का निर्माण किया जाए जिसमें उग्र‌ सहित  मिर्जापुर जिले के साहित्यकारों की प्रकाशित रचनाओं का संग्रह उपलब्ध हो।

 पांडे बेचन शर्मा उग्र की स्मृति में उग्र पत्रकारिता पुरस्कार योजना शुरू की जाए। आवासीय कालोनियों में  शीर्ष प्राथमिकता के आधार पर पत्रकारों, साहित्यकारों को आवास आवंटन हेतु आवश्यक शासनादेश निर्गत किए जाएं।

पत्रकार उत्पीड़न के मामलों में जांच एवं दोषियों के खिलाफ कार्यवाही हेतु न्यूनतम समय सीमा तय की जाए तथा जांच जिलाधिकारी की अध्यक्षता में गठित जांच समिति करें जिसमें पंजीकृत पत्रकार संगठनों के प्रतिनिधियों , पीड़ित पत्रकार को आवश्यक रूप से शामिल किया जाए। जिला स्तर पर विकास कार्यों की निगरानी हेतु निगरानी समिति गठित हो जिसमें पंजीकृत पत्रकार संगठनों के प्रतिनिधियों को आवश्यक रूप शामिल हो।