महिला एक्टिविस्ट ने अमिताभ ठाकुर पर लगाया उत्पीड़न का आरोप, पीएम,सीएम से की सीबीआई जांच की मांग

लखनऊ। लखनऊ की एक्टिविस्ट उर्वशी शर्मा ने यूपी कैडर के पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर पर अपने पद का खुला दुरुपयोग करके उनका और उनके परिवार का उत्पीडन करने का आरोप लगाते हुए देश के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और सूबे के मुख्यमंत्री से मामले की उच्चस्तरीय जांच सीबीआई जैसी केन्द्रीय जांच एजेंसी से कराते हुए उन्हें  न्याय दिलाने की गुहार लगाईं है। उर्वशी ने बताया कि उनके पति संजय शर्मा ने साल 2015 में पूर्व आईपीएस अमिताभ ठाकुर निवासी के भ्रष्टाचार और कदाचार की शिकायत लोकायुक्त उत्तर प्रदेश के समक्ष की थी जिसमें लोकायुक्त ने अमिताभ के खिलाफ कार्यवाही की संस्तुति की थी.इसके अतिरिक्त उर्वशी द्वारा भी अमिताभ ठाकुर और इनके परिवारीजनों की अनियमितताओं की अनेकों शिकायतें की गईं थीं. बकौल उर्वशी इन बातों से खुन्नस खाकर अमिताभ ठाकुर ने अपने उच्च पुलिस पद का जमकर दुरुपयोग किया और स्वयं तथा अपनी पत्नी नूतन ठाकुर के मार्फत उर्वशी के खिलाफ खिलाफ आधा दर्जन झूंठे मुकदमे दर्ज कराकर पुलिस के माध्यम से उर्वशी और उनके परिवार को जमकर उत्पीडित कराया। उर्वशी का कहना है कि सुप्रीम कोर्ट के बाहर आत्मदाह करने वाले युवक-युवती ( अब दिवंगत ) के मृत्यु पूर्व वीडियो बयान से भी अमिताभ ठाकुर द्वारा निजी लाभ के लिए अपनी पोजीशन का दुरुपयोग करके लोगों का उत्पीडन करने की प्रवृत्ति होने की बात सीधे-सीधे सामने आई है। उर्वशी ने कहा है कि अपनी बातों को शत-प्रतिशत सिद्ध करने के लिए उनके पास प्रचुर मात्रा में साक्ष्य उपलब्ध है जिनको वे जांच अधिकारी को उपलब्ध कराएंगी। बकौल उर्वशी यदि उनके और उनके पति के द्वारा अमिताभ ठाकुर के खिलाफ की गई सभी शिकायतों तथा अमिताभ और इनके परिवारीजनों द्वारा उनके खिलाफ लिखाये गए झूंठे मुकदमों की एकसाथ जांच होगी तो अमिताभ का असली चेहरा और अमिताभ द्वारा अपने खिलाफ कार्यवाही होने से रोकने के लिए लोगों को उत्पीडित करने के लिए अपनाई जाने वाली कार्यशैली संसार के सामने खुद ही उजागर हो जायेगी।