प्रेग्नेंसी दौरान इन समस्याओं से बचाता है राजमा, जानें कुछ नुकसान भी

राजमा-चावल लगभग हर किसी की फेवरेट डिश में आता है। बच्चे से लेकर बड़ों तक सब इसे चाव से खाते हैं। वहीं राजमा भी आयरन, कॉपर, फाइबर, मैग्निशियम, प्रोटीन, कैलशियम, विटामिन आदि तत्वों से भरपूर होता है। ऐसे में इसका सेवन करने से पेट स्वस्थ रहने के साथ बेहतर शारीरिक विकास में मदद मिलती है। मगर गर्भावस्था में इनका सेवन करना चाहिए इसको लेकर महिलाओं के मन में सवाल रहते हैं। चलिए आज हम आपको इस आर्टिकल में गर्भावस्था के दौरान राजमा खाने के फायदे, नुकसान के बारे में बताते हैं।

गर्भावस्था दौरान राजमा का सेवन

हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, प्रेगनेंसी दौराना राजमा का सेवन किया जा सकता है। इसके सेवन से महिलाओं के सभी पोषक तत्वों मिलते हैं। इसके साथ ही यह प्रोटीन का एक अच्छा स्त्रोत होता है। ऐसे में वेजिटेरियन महिलाओं को प्रोटीन की कमी पूरी करने के लिए खासतौर पर इसका सेवन करने चाहिए।

गर्भावस्था दौरान राजमा खाने के फायदे

एनिमिया से बचाव

गर्भावस्था में महिलाओं को खून की कमी होने का खतरा रहता है। ऐसे में इस दौरान राजमा का सेवन करना बेस्ट ऑप्शन है। इसमें आयरन भरूपर मात्रा में पाया जाता है। ऐसे में इसका सेवन करने से गर्भावस्था में खून की कमी से बचाव रहता है।

हाई ब्लड प्रेशर की समस्या करें दूर

इस दौरान हाई ब्लड प्रेशर की समस्या से बचने के लिए डाइट में लो फैट चीजें शामिल करनी चाहिए। वहीं राजमा में फैट बहुत ही कम होता है। इसके साथ ही इसमें मौजूद डाइटरी फाइबर खराब कोलेस्ट्रॉल कम करने में मदद करता है। ऐसे में इसका सेवन करने से हाई ब्लड प्रेशर की समस्या से बचाव रहता है। साथ ही दिल संबंधी बीमारियों की चपेट में आने का खतरा कम रहता है।

इम्यूनिटी बढ़ाएं

इस दौरान राजमा का सेवन करने से इम्यूनिटी तेजी से बढ़ती है। ऐसे में बीमारियों से बचाव रहता है। साथ ही थकान, कमजोरी दूर होकर एनर्जेटिक महसूस होता है। ऐसे में राजमा का सेवन करने से मां के साथ गर्भ में पल रहे बच्चे का भी बीमारियों के बचाव रहता है।

बच्चे के विकास में फायदेमंद

प्रेगनेंसी दौरान राजमा का सेवन करने से गर्भ में पल रहे बच्चे का बेहतर तरीके से विकास होता है। साथ ही जन्मदोष से बचाव रहता है। इसके अलावा राजमा का सेवन करने से प्रीमेच्योर डिलीवरी का खतरा कई गुणा कम होता है।

कब्ज की समस्या से दिलाए आराम

कई महिलाओं को प्रेगनेंसी में कब्ज की शिकायत होती है। ऐसे में इस दौरान राजमा का सेवन करना फायदेमंद माना जाता है। इसमें फाइबर अधिक होने से कब्ज की समस्या से आराम मिलता है। साथ ही पाचन तंत्र दुरुस्त होने से बेहतर शारीरिक विकास में मदद मिलती है।

गर्भावस्था में राजमा खाने के नुकसान

जैसे की आप सभी जानते हैं कि किसी भी चीज का जरूरत से अधिक सेवन नुकसान पहुंचाने का काम करता है। ऐसे में पोषक तत्वों से भरपूर का अधिक सेवन करने से सेहत को नुकसान हो सकते हैं।

. राजमा को हाई ऑक्सलेट वाला खाद्य पदार्थ माना जाता है। ऐसे में इसका अधिक सेवन करने से किडनी स्टोन की समस्या का खतरा रहता है।

. इसमें फाइबर अधिक मात्रा में मौजूद होता है। ऐसे में इसका अधिक सेवन करने से पेट, फूलने, पेट में दर्द, एसिडिटी आदि पेट संबंधी समस्याएं हो सकती है। वहीं गर्भावस्था के दौरान पेट संबंधी समस्याएं होने से मां और गर्भ में पल रहे शिशु दोनों के लिए नुकसानदायक माना जाता है।

इन बातों का रखें ध्यान

. राजमा का सेवन सीमित मात्रा में करें।

. इसे भिगोने से पहले अच्छे से धो लें। ताकि इसमें मौजूद टॉक्सिंस बाहर निकल जाएं।

. राजमा बनाने के से पहले इसे गुनगुने पानी में करीब 5-6 घंटों तक भिगोएं।

. इसे अच्छे से पकाकर ही खाएं। कच्ची राजमा का सेवन करने से सेहत को नुकसान झेलना पड़ सकता है।

posted by - दीपिका पाठक