टॉप टी-20 टीमों के खिलाफ खेलने से टीम को टी-20 वर्ल्ड कप की तैयारी करने में मदद मिलेगी

पाकिस्तान क्रिकेट टीम के हेड कोच मिसबाह उल हक ने कहा है कि इंग्लैंड और वेस्टइंडीज जैसी टॉप टी-20 टीमों के खिलाफ खेलने से टीम को टी-20 वर्ल्ड कप की तैयारी करने में मदद मिलेगी। दरअसल पाकिस्तान को जुलाई और अगस्त में इंग्लैंड और वेस्ट इंडीज के खिलाफ क्रमश: तीन और पांच टी-20 मुकाबले खेलने हैं। मिसबाह ने शनिवार को एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पाकिस्तान के मध्य क्रम से जुड़े मुद्दों पर बात की। उन्होंने खासकर कुछ बल्लेबाजों के अपने फॉर्म के लिए संघर्ष करने के बारे में चर्चा की।

उन्होंने कहा, 'इसमें कोई शक नहीं है कि इंग्लैंड और वेस्टइंडीज टॉप टीमें हैं। मेरा अनुभव कहता है कि अगर आप अच्छी टीमों के खिलाफ खेलते हैं तो आपकी तैयारी बेहतर होगी। आप खुद को सही तरीके से आंक सकते हैं कि आप कहां खड़े हैं। मैं इसे सकारात्मक रूप से ले रहा हूं और एक कोच और एक टीम के रूप में यह एक अच्छा मौका है कि विश्व कप से पहले हमारी तैयारी बहुत अच्छी होगी।' उन्होंने कहा, 'यहां तक कि अगर मुश्किलें भी आईं तो हमें अपनी असली क्षमता का पता चलेगा कि हम कहां खड़े हैं। जहां तक फॉर्म की बात है, बेशक इसको लेकर चिंता है, लेकिन कुछ चीजों पर काम करने के लिए हमारे पास समय है। हमारी टीम में मध्य क्रम के मुद्दे हैं और हमें इसे देखना होगा। हम यह देखने की कोशिश करेंगे कि हम समस्याओं को कैसे दूर कर सकते हैं।'

मिसबाह हालांकि इस बात से खुश हैं कि पाकिस्तान की फील्डिंग में सुधार हुआ है, लेकिन उन्होंने स्वीकार किया है कि जूनियर स्तर पर फील्डिंग के मानकों को सुधारने के लिए और काम करने की जरूरत है। उन्होंने कहा, 'फील्डिंग एक ऐसी चीज है, जहां आप जितना ज्यादा फोकस करेंगे और जितना ज्यादा अभ्यास करेंगे, यह बेहतर होती जाएगी। कुल मिलाकर अगर आप पाकिस्तान टीम को देखें तो हमने जो भी सीरीज खेली है, हमारी फील्डिंग बेहतर रही है। न्यूजीलैंड में सीरीज के बाद से हमारी फील्डिंग में काफी सुधार हुआ है। खिलाड़ी अच्छे कैच पकड़ रहे हैं। ग्राउंड फील्डिंग भी अच्छी रही है।'

उल्लेखनीय है कि पीएसएल (पाकिस्तान सुपर लीग) के फिर से शुरू होने से कुछ दिन पहले पाकिस्तान ने आगामी इंग्लैंड और वेस्ट इंडीज दौरे के लिए टीम का चयन किया था। इस पर मिसबाह ने बताया कि आदर्श रूप से चयन पैनल ने मौजूदा पीएसएल में इन फॉर्म खिलाड़ियों पर विचार किया होगा। कोरोना महामारी की स्थिति और विभिन्न प्रतिबंधों के कारण उन्हें पहले टीम चुननी पड़ी।