नवनिर्वाचित प्रधान गांव में आने-जाने के लिए प्रतिबन्धित किया लेकिन ताड़ी के लिए लगी भीड़

गम्भीरपुर आजमगढ़ । मुहम्मदपुर ब्लाक के ग्राम सभाओं में एक ग्राम बेलवा है । जहां पर लगभग 20 या 25 सालो बाद प्रधानी गांव में आई है । यहां के प्रधान कमला सिंह का व अन्य ग्राम वासियों का कहना है कि जो   हमारे गांव के निवासी हैं उनको छोड़ कर अन्य गांव व बाजार वासियों का गांव के अन्दर आना मना है । गांव के प्रधान  का कहना है कि कोरोनावायरस जैसी महामारी को  देखते हुए। सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें व मास्क अनिवार्य पहने , सभी लोग सरकार के आदेशों का पालन करें व सुरक्षित रहे। लेकिन ए मना करना भुल गए प्रधान जी कि रोज सुबह लगभग 7.30 बजे से 9.00 बजे तक व शाम को लगभग 5.30 बजे से रात लगभग 8.30 बजे तक ताड़ी का खुलेआम कारोबार चलता है तब तो ना मास्क दिखाई देता है ना ही सोशल डिस्टेंसिंग का पालन सरेआम डिएम के आदेशों कि धज्जियां उड़ाते नजर आए लगभग 25 से 30 लोग हमेशा वहां गोल गोलइती बना कर ताड़ी पीते हैं । जबकि सरकार ने कोरोनावायरस जैसी महामारी को देखते हुए शराब का ठीका बन्द कर दिया है । वहीं ताड़ी वालो के बल्ले बल्ले हुए हैं। इस समय जगह जगह गांवों में आराम से बे धड़क कारोबार चलाया जा रहा है ।  इस पर प्रशासन भी ध्यान नहीं देता । कहे तो सरकार के सारे नियम केवल बाजार वासियों के लिए होते है। प्रशासन भी केवल बाजार वासियों से ही नियम का पालन करवाती है याद दिलाते चलें कि बाजार से ज्यादा गांव में परदेसी आते हैं  उनसे कोई पालन करवाने नहीं जाता है । वो बे धड़क विना मास्क के नाही सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हैं। और बाजार में आकर सभी को संक्रमित कर के चलें जाते हैं । तथा शासन प्रशासन से अनुरोध है कि इस मामले पर प्रशासन प्रकाश डालें व ग्राम प्रधान की भी जिम्मेदारी बनती है कि अपने गांव में ऐसा काम कतई ना होने दें वरना उनकी भी ज़बाब देहिं बनती है। जब युग जागरण संवाददाता गांव में कवरेज करने पहुंचे और जब तक फोटो खींचता तब तक मौका पाते ही। ताड़ी उतारने वाला अपना डब्बा ,3 ,4 मग व दतांरी में धार लगाने वाला बांस की फंटी सब छोड़ कर फरार हो गया।