दसवें दिन डीह, काली, के स्थान पर सोसल डिस्टेंडिंग का पालन करते हुए चढ़ा रहीं हैं कढ़ाही

 

बिलरियागंज/आजमगढ़ : बिलरियागंज के इस्माईलपुर गोरिया गांव के सिवान में कोरोना से बचने के लिए माता भगवती डीह काली को महिलाएं दे रही नौ दिवसीय धार उसके बाद दसवें दिन डीह, काली, के स्थान पर सोसल डिस्टेंडिंग का पालन करते हुए चढ़ा रहीं हैं कढ़ाही और गा रही है भक्ति गीत महिलाओं ने बताया कि जब जब प्रकृति से लोग खिलवाड़ करते हैं और बुद्धि विवेक भ्रष्ट हो जाता है अपने पराये को पहचानने में भुल कर बैठते हैं साथ माता पिता से दुरी बनाते है तब भगवान को भी मनुष्यों से बहुत तकलीफ होती है और भगवान व अपने डीह काली ईष्ट देवता आदि को अंन्धविश्वास में आकर भुल जाते हैं भगवान को वायरस आदि के सहारे लोगों को परेशानियों में डालना पड़ता है चाहे कोई भी हो तब लोगों को भगवान की भक्ति याद आने लगती है जिसमें हम सभी को अपने भाई माता पिता बहन आदि सभी की रक्षा के लिए हम सभी को धार आदि देकर माता भगवती से क्षमा याचना करनी पड़ती है जबकि इस युग में सभी बड़े छोटे सभी को अपने अपने कर्मों धर्मों को बखूबी निभाना चाहिए लेकिन मनुष्य सब कुछ भुलाकर कर गलत कार्यों में लिप्त हो गया है और सारे संस्कार को भुल गया है माता पिता भाई बहन को भी भुल बैठा जिसकी सद्बुद्धि के लिए यह कार्य किया जा रहा है ताकि अब लोगों को इस महामारी से ज्ञान प्राप्त कर सकें और अच्छे कार्यों में लोग लग कर सामाजिक कार्य करें  हम सभी महिलाओं का श्रद्धा है और हम सभी के परिवार के लोग सुखमय जीवन निर्वहन करे साथ में एक दुसरे को हमेशा सहयोग करने के साथ गांव की महिलाएं सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करते हुए व माक्स का प्रयोग करते हुए अपने गांव के डीह बाबा और काली माई की प्रतिमा पर पूड़ी और हलवा चढ़ाने के साथ ही कोरोना बीमारी को भगाने के लिए गांव के बाहर सिवान में धार देने का काम कर रहे हैं और ग्राम देवता से सभी की बुद्धि विवेक सही करने की मांग करते हुए कोरोनावायरस से सभी को मुक्त रखने के लिए यह कार्य किया जा रहा है सभी को अपने पति पुत्र पिता माता आदि को स्वस्थ रखें।