पृथ्वी दिवस पर वर्चुअल जलवायु परिवर्तन शिखर सम्मेलन 22, 23 अप्रैल 2021 को - जो बाईडेन ने भारत को आमंत्रित किया

वैश्विक स्तर पर भारत मजबूत जलवायु नेतृत्व प्रदर्शन में प्रमुखों में एक - एड किशन भावनानी

गोंदिया - भारत पिछले कुछ वर्षों से अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी स्थिति, योग्यता और तकनीकी के क्षेत्र में लोहा मनवाने में सफल हुआ है। यह हम सबके सामने आने वाले अनुकुल वैश्विक परिणामों में देख रहे हैं। वर्तमान में वैश्विक महामारी कोविड की दो वैक्सीन बनाकर और अति तेजी से टीकाकरण कर तथा इसकी आपूर्ति वैश्विक स्तर पर कर मानवता का सबसे अच्छा परिचय दिया है। आज भारत को विश्व में एक महत्वपूर्ण स्थान दिया जाता है, चाहे क्वाड सम्मेलन, जी-20 सम्मेलन हो या वैश्विक स्तर पर कोई अन्य सम्मेलन हो भारत एक प्रमुखता से सम्मानपूर्ण स्थिति में सम्मिलित होता है। भारत की नीति ही ऐसी है कि ग्लोबल वार्मिंग वैश्विक स्तर पर अपनी साख मजबूत करता गया है।पृथ्वी दिवस एक वार्षिक आयोजन है, जिसे 22 अप्रैल को दुनिया भर में पर्यावरण संरक्षण के लिए समर्थन प्रदर्शित करने के लिए आयोजित किया जाता है।और भारत की विश्व में बहुत प्रतिष्ठा बड़ी हैंइसी का नतीजा है कि अमेरिका की मेजबानी में 22 और 23 अप्रैल 2021 को पृथ्वी दिवस केउपलक्ष में वर्चुअल जलवायु शिखर सम्मेलन का आयोजन किया गया हैजिसमें अमेरिका के नवनियुक्त राष्ट्रपति जो बाईडेन ने भारत के प्रधानमंत्री को भी आमंत्रित किया है जो प्रधानमंत्री महोदय ने सहर्ष स्वीकार किया है। हालांकि भारत सहित 40 देशों को भी इसमें आमंत्रित किया गया है परंतु खास बात यह है कि इस सम्मेलन में पाकिस्तान को आमंत्रित नहीं किया गया है। उल्लेखनीय है कि पाकिस्तान अलग-थलग पड़ गया है क्योंकि न चर्चा करने जान कैरी आ रहे हैं और ना ही शिखर सम्मेलन में पाकिस्तान को बुलाया जा रहा है कई विशेषज्ञों ने सवाल उठाते हुए कहा है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री पर्यावरण और ग्लोबल वार्मिंग की ओर खास ध्यान दे रहें है पिछले कुछ सालों में भारत की स्थिति वैश्विक स्तर पर बहुत अधिक मजबूत हुई है अभी कुछ दिन पूर्व माननीय प्रधानमंत्री महोदय ने बांग्लादेश यात्रा में जोरदार स्वागत और सत्कार किया गया वहां की पीएम शेख़ हसीना सहित सभी नेता गदगद हुए हालांकि बांग्लादेश की पीएम भी इस जलवायु परिवर्तन सम्मेलन में शामिल हो रही है। लेकिन मीडिया की रिपोर्टिंग के अनुसार, अमेरिकी राष्ट्रपति कार्यालय व्हाइट हाउस की ओर से जारी एक आधिकारिक बयान में कहा गया है कियह जो 22और 23 अप्रैल के दिन वर्चुअल जलवायु शिखर सम्मेलन हो रहा है यह इस साल के अंत में याने नवंबर 2021 में ग्लास्गो में होने वाले संयुक्त जलवायु परिवर्तन सम्मेलन (सीओपी 26) के मार्ग में बहुत ही महत्वपूर्ण रोल अदा करेगा याने दूसरे शब्दों में यह वर्तमान सम्मेलन मील का पत्थर साबित होगा। इस वर्चुअल जलवायु परिवर्तन सम्मेलन में शामिल होने वाले अन्य प्रमुख नेताओं में कनाडा के प्रधानमंत्री जस्टिन ट्रूडो,ब्राजील के राष्ट्रपति जायर बोलसोनारो, इजरायल के प्रधानमंत्री, बेंजामिन नेतनयाहू चीन के राष्ट्रपति शी जिनपिंग जापान के प्रधानमंत्री योशि हिदे सुगा, रूस के राष्ट्रपति पुतिन ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन सहित अन्य नेताओं के शामिल होने की संभावना है जो उपरोक्त 40 देशों की लिस्ट में शामिल है। इलेक्ट्रॉनिक मीडिया में यह भी बताया गया कि व्हाइट हाउस के अनुसार इस शिखर सम्मेलन और(सीओ पी26) के मुख्य लक्ष्य वैश्विक तापमान को 1.5 डिग्री सेल्सियस के नीचे रखने के प्रयासों को गति देना है और सम्मेलन में उन उदाहरण को भी रेखांकित किया जाएगा कि किसप्रकार जलवायु महत्वाकांक्षा से अच्छे वेतन वाली नौकरियां पैदा होती है, नवोन्मेष ई तकनीकी विकसित करने में मदद मिलती है और कमजोर देशों को जलवायु परिवर्तन के प्रभाव के अनुसार ढालने में सहायता मिलती है। हालांकि व्हाइट हाउस ने कहा के शिखर सम्मेलन के आयोजन को पहले अमेरिका पेरिस समझौते के तहत अपने नए राष्ट्रीय निर्धारित अंशदान को रूप से महत्वकांक्षी 2030 उत्सर्जन लक्ष्य की घोषणा करेगा। याने हम देखें तो कितनी दूरदर्शिता पर विचार मंथन किया जा रहा है और आने वाले 10 सालों के उत्सर्जन लक्ष्य की ओर कदम बढ़ाने की घोषणा की जाएगी। हम देखते हैं कि आज मानव जीवनमें जलवायु परिवर्तन एक महत्वपूर्ण मुद्दा बनते जा रहा है जोकि इंसानी सोच और इंसानी हाथ से परे कुदरती क्रियाओं पर आधारित है। जो वर्तमान में हम अमेरिका में उभरता लावा, कहीं भयंकर तूफान, बीमारियां इत्यादि अनेक कुदरती परिपेक्ष में देखें तो इस दिशा में मानवीय सोच को मिलजुल कर भविष्य में आने वाली विपत्तियों और वर्तमान को कुदरती स्थितियों पर विचार मंथन कर आने वाली पीढ़ियों के लिए सुरक्षित माहौल तैयार रखना रखना है। अतःउम्मीद है इस पृथ्वी दिवस पर जलवायु परिवर्तन शिखर सम्मेलन के लाभ वैश्विक स्तर पर जरूर देखने को मिलेंगे।

-संकलनकर्ता-कर विशेषज्ञ एड किशन सनमुखदास भावनानी गोंदिया महाराष्ट्र