सीनेट प्रमुख के निर्वाचन में मतदान केंद्रों पर ‘जासूसी कैमरे’ लगाए गए: पाकिस्तान में विपक्ष का दावा

इस्लामाबाद : पाकिस्तान में शुक्रवार को सीनेट का चुनाव गहमागहमी के साथ शुरू हुआ जिसमें विपक्ष ने दावा किया कि संसद के ऊपरी सदन के अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष के निर्वाचन के लिए बनाए गए मतदान केंद्रों पर जासूसी कैमरे लगाए गए। इन मतदान केंद्रों पर सीनेटर वोट देंगे। सीनेट के लिए चुनाव तीन मार्च को हुए थे। 48 नवनिर्वाचित सदस्यों के शपथ लेने के बाद गुप्त मतपत्रों के जरिए अध्यक्ष एवं उपाध्यक्ष के निर्वाचन के लिए सीनेट की बैठक हो रही है।
पाकिस्तान पीपुल्स पार्टी (पीपीपी) के सीनेटर मुस्तफा नवाज खोखर ने दावा किया कि उन्होंने और पाकिस्तान मुस्लिम लीग- नवाज (पीएमएल-एन) के सीनेटर मुसादक मलिक ने मतदान केंद्रों पर ‘‘जासूसी कैमरे’’ पाए। मलिक ने ट्वीट किया, ‘‘क्या मजाक है। सीनेट मतदान केंद्र पर गुप्त व छिपे हुए कैमरे लगाए गए हैं। लोकतंत्र के लिए इतना सब कुछ।’’ ‘डॉन’ अखबार के अनुसार उन्होंने मतदान केंद्र के अंदर एक और ‘‘छिपा हुआ उपकरण’’पाया। विपक्ष ने मांग की है कि यह जांच की जाए कि ‘‘सीनेट पर किसका नियंत्रण’’ है। खबर में कहा गया है कि विरोध के बाद पीठासीन अधिकारी ने मतदान केंद्र बदलने के निर्देश दिए। पूर्व प्रधानमंत्री युसूफ रजा गिलानी (पीपीपी) और मौलाना अब्दुल गफूर हैदरी (जेयूआई-एफ) को पाकिस्तान डेमोक्रेटिक मूवमेंट ने क्रमशरू अध्यक्ष और उपाध्यक्ष पदों के लिए मैदान में उतारा है।