॥ एहसास ॥

मेरे मेहबूब तुम्हें मेरी
मोहब्बत की प्यास भी होगा
मैं सिर्फ तुम पे मरता हूँ
इस बात की तुम्हें भी एहसास होगा

मेरे मेहबूब दिल के आईने में
मेरी सूरत की वास भी होगा
मैं सिर्फ तुमको प्यार करता हूँ
इस बात की तुम्हें भी एहसास होगा

मेरे मेहबूब इस सावन में
प्यार की इक बरसात भी होगा
मैं भी प्यासा तुँ भी है प्यासी
इस बता की तुम्हें भी एहसास होगा

मेरे मेहबूब तेरी हर सासों में
प्यार की खुशबू की सुवास भी होगा
ये है हमारा तुम्हारा प्रेम का मामला
इस बात की तुम्हें भी एहसास होगा

मेरे मेहबूब दिल की अदालत में
एक पाकीजा इजलास भी होगा
फैसला अब तेरे हाथों में है
इस बात की तुम्हें भी एहसास होगा

मेरे मेहबूब प्यार की डगर में
हर गुनाह की हिसाब भी होगा
हम तुम दोनों ही सह अपराधी हैं
इस बात की तुम्हें भी एहसास होगा।

उदय किशोर साह
मो० पो० जयपुर जिला बाँका बिहार
9546115088