एक पटल पर तीन दिन से अधिक फाइल रूकी, तो होगी कार्यवाही - डीएम

गोंडा । डीएम मार्कण्डेय शाही ने निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष राजस्व वसूली न करने पर असिस्टेन्ट कमिश्नर वाणिज्य कर को कारण बताओ नोटिस, स्टाम्प देय में लक्ष्य के सापेक्ष वसूली न करने तथा जिन तहसीलों में फर्जी बैनामों की शिकायतें हो रही हैं, वहां के उपनिबन्धकों के खिलाफ विभागीय कार्यवाही हेतु प्रमुख सचिव, निबन्धन उ0प्र0 को पत्र लिखने तथा थाना समाधान दिवस में दिए गए निर्देशों का पालन न करने पर तहसीलदार करनैलगंज को प्रतिकूल प्रविष्टि देने की कार्यवाही की है। विकास भवन सभागार में आयोजित कर-करेत्तर एवं राजस्व कार्यों की वसूली में डीएम ने राजस्व वसूली सहित अन्य कार्यों में लापरवाही बरतनले वाले अधिकारियों को सख्त चेतावनी दी है कि अपने-अपने विभागों से सम्बन्धित निर्धारित लक्ष्य के सापेक्ष वसूली व प्रगति लाना सुनिश्चित करें। समीक्षा में ज्ञात हुआ कि परिवहन विभाग, स्टाम्प तथा वाणिज्य कर विभाग की प्रगति संतोषजनक नहीं हैं। दस बड़े बाकीदारों से राजस्व वसूली की समीक्षा में ज्ञात हुआ कि जिले के दस बड़े बाकीदारों से 42 लाख रूपए की वसूली होनी थी परन्तु मात्र दो लाख रूपए की वसूली ही हो पाई है। इस पर नाराजगी व्यक्त करते हुए अभियान चलाकर बड़े बाकीदारों से वसूली कराने के निर्देश दिए हैं।

 बैठक में सभी अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी पटल पर कोई भी पत्रावली तीन दिन से अधिक न रूके, यह प्रत्येक दशा में सुनिश्चित किया जाय। उन्होंने कहा कि यदि फाइलें अकारण होल्ड करने की शिकायतें मिलेंगी तो निश्चित ही पटल सहायक और जिम्मेदार पर्यवेक्षणीय अधिकारी की जवाबदेही तय की जाएगी।बैठक में अपर जिलाधिकारी राकेश सिंह, मजिस्ट्रेट वन्दना त्रिवेदी, सहित अन्य सम्बन्धित अधिकारीगण उपस्थित रहे।