जितनी बिजली उतने दाम का फार्मूला लागू करने की मांग


बांदा। उद्योग व्यापार मंडल ने जितनी बिजली उतने दाम का फार्मूला लागू करने की मांग की है। कहा कि पावर कारपोरेशन द्वारा लगाए गए स्मार्ट मीटर की रफ्तार बहुत तेज हैं। उपभोक्ताओं को ठगा जा रहा है। यह मीटर हटाकर ठग कंपनियों पर कार्रवाई की जाए। जिला उद्योग व्यापार मंडल के प्रतिनिधिमंडल ने ऊर्जा मंत्री श्रीकांत शर्मा को संबोधित तीन सूत्री मांगपत्र अधिशासी अभियंता (वितरण खंड) को सौंपा। कहा कि ई-बिजनेस में प्रदेश को अव्वल आने के लिए अभियान चलाया जा रहा है। इसमें बिजली सबसे महत्वपूर्ण है। व्यापारियों ने अन्य प्रदेशों का हवाला देकर कहा कि बिल में ऐसी पारदर्शी व्यवस्था हो कि उपभोक्ताओं को विभाग के चक्कर न लगाना पडे। ज्ञापन में कहा कि लैंड लॉस पावर फैक्टर व अन्य सरचार्ज आम व्यापारी नहीं समझ पाते। नतीजे में इसके नाम पर विभागीय कर्मचारी भ्रष्टाचार करते हैं। व्यापारी नेताओं ने सुझाव दिया कि जितनी बिजली उतने दाम। रेट एक साथ फिक्स कर दिए जाएं ताकि उपभोक्ता को पता चले कि अगर हमने 100 यूनिट बिजली खर्च की है, तो प्रति यूनिट की दर से इतने देना है। व्यापारी नेताओं ने कहा कि स्मार्ट मीटर जरूरत से ज्यादा तेज भाग रहे हैं। खर्च से ज्यादा बिजली के बिल आ रहे हैं। यह उपभोक्ताओं से ठगी है। इसकी कंपनियों पर दंडात्मक कार्रवाई करें। यह मीटर हटाकर दूसरी व्यवस्था न होने पर पुराने मीटर ही लगा दिए जाएं। अन्य मांग में व्यापारियों ने कहा कि खुले स्थल पर ट्रांसफार्मर न रखे जाएं। लाइनों का जाल भी खत्म किया जाए। ज्ञापन देने वालों में संगठन के प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष संतोष कुमार गुप्त, संयुक्त महामंत्री चारूचंद्र खरे, मंडल अध्यक्ष विष्णु कुमार गुप्ता, जिलाध्यक्ष सत्यप्रकाश सराफ, उपाध्यक्ष व प्रभारी शिवपूजन गुप्त, महामंत्री कमलेश गुप्ता, नगर अध्यक्ष संतोष अनशनकारी सहित ज्वाला प्रसाद गुप्त, प्रेम गुप्ता, दिनेश कुमार दद्दा आदि थे।