चिकोटी


जिसको देखो उसी के,

थिरक रहे हैं पांव।

बता रहे हैं मिल गया,
सर का सीधे छांव।

दुखी उत्तर प्रदेश को।
रहा जो पूर्ण देश को।

धीरु भाई